ग्वालियर में नई औद्योगिक क्रांति की दस्तक.....
।। चर्चित समाचार एजेंसी।।
।। भोपाल 08/10/2026।। ग्वालियर के औद्योगिक विकास को नई पहचान देने वाली महत्वाकांक्षी परियोजना टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन (TMZ) अब जमीन पर उतरने जा रही है। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की पहल और लगातार प्रयासों से आकार ले रहे इस प्रोजेक्ट का 29 अक्टूबर को भूमिपूजन होगा। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह इस समारोह में शामिल होंगे। सिंधिया के आमंत्रण को स्वीकार करते हुए शाह ने कार्यक्रम में आने की सहमति दी है।
24 से अधिक कंपनियां लगाएंगी उद्योग...
ग्वालियर के श्रीमंत माधवराव सिंधिया काउंटर मैग्नेट सिटी (SADA) में विकसित होने वाला TMZ टेलीकॉम सेक्टर के लिए बड़ा Manufacturing Hub बनने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। यहां 24 से अधिक टेलीकॉम एवं संबंधित विनिर्माण इकाइयों के आने की संभावना है।
इस ज़ोन में केवल टेलीकॉम उपकरणों का निर्माण ही नहीं होगा, बल्कि Design, Research & Development, Testing, Optical Fiber, Semiconductor और 5G/6G Technology से जुड़े उद्योगों के लिए भी इकोसिस्टम तैयार किया जाएगा।
5,500 करोड़ से ज्यादा निवेश, 18 हजार रोजगार की उम्मीद...
TMZ में निवेश आकर्षित करने के लिए सिंधिया ने दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु में उद्योगपतियों एवं निवेशकों के साथ बैठकें और रोड शो किए। इन प्रयासों के परिणामस्वरूप अब तक 5,500 करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव सामने आए हैं।
इन निवेश प्रस्तावों से 18,000 से अधिक रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है। दिल्ली रोड शो में करीब 3,500 करोड़, मुंबई में करीब 2,000 करोड़ और बेंगलुरु की बैठक में लगभग 700–800 करोड़ के अतिरिक्त निवेश प्रस्ताव सामने आए।
केंद्र देगा 493 करोड़, MP सरकार ने दी 170 एकड़ जमीन...
परियोजना के प्रथम चरण के Infrastructure Development के लिए केंद्र सरकार ?७(¡(?!
है न न493 करोड़ की 100 प्रतिशत वित्तीय सहायता दे रही है।
वहीं, मध्य प्रदेश सरकार ने TMZ के लिए लगभग 170 एकड़ भूमि निःशुल्क उपलब्ध कराई है। परियोजना के लिए गठित SPV में मध्य प्रदेश सरकार की 51 प्रतिशत और दूरसंचा एमएम mm mm mmmkmm:-$:-$र विभाग की 49 प्रतिशत हिस्सेदारी निर्धारित की गई है।
Plug-and-Play मॉडल पर होगा विकास..
TMZ को विशेष आर्थिक क्षेत्र (SEZ) की तर्ज पर Plug-and-Play मॉडल में विकसित करने की योजना है। इसका उद्देश्य कंपनियों को तैयार Infrastructure और साझा सुविधाएं उपलब्ध कराकर उन्हें कम समय में उत्पादन शुरू करने का अवसर देना है।
इससे ग्वालियर में टेलीकॉम Manufacturing के साथ-साथ Technology, Innovation और Skill Development का नया Ecosystem तैयार होने की उम्मीद है।
सिंधिया लगातार कर रहे प्रोजेक्ट की मॉनिटरिंग..
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया स्वयं इस परियोजना की लगातार समीक्षा कर रहे हैं। हाल ही में उन्होंने दूरसंचार विभाग और मध्य प्रदेश शासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ SADA क्षेत्र में TMZ के लिए चिन्हित भूमि का निरीक्षण किया और परियोजना की प्रगति, Infrastructure, Investors की आवश्यकताओं तथा आगामी कार्ययोजना की समीक्षा की।
सिंधिया ने अधिकारियों को परियोजना से जुड़े कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने और निवेशकों के लिए जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
ग्वालियर-चंबल के युवाओं के लिए नए अवसर...
TMZ के अस्तित्व में आने से ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में औद्योगिक निवेश, रोजगार, तकनीकी कौशल और उद्यमिता के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है। साथ ही यह परियोजना मध्य प्रदेश को टेलीकॉम एवं इलेक्ट्रॉनिक्स Manufacturing के क्षेत्र में नई पहचान दिला सकती है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘Make in India, Make for the World’ के विजन के अनुरूप यह परियोजना भारत को Global Telecom Manufacturing Hub बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
29 अक्टूबर का भूमिपूजन समारोह इसलिए भी महत्वपूर्ण होगा, क्योंकि इसके साथ ग्वालियर में टेलीकॉम उद्योग के एक नए अध्याय की औपचारिक शुरुआत होने जा रही है।
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